8. क्षेत्रीय संस्कृतियों का निर्माण ([The Making of Regional Cultures])
इस पेज पर आपको 8. क्षेत्रीय संस्कृतियों का निर्माण ([The Making of Regional Cultures]) के सभी महत्वपूर्ण बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ), परीक्षा उपयोगी नोट्स और ऑनलाइन क्विज़ मिलेंगे। अपने ज्ञान का परीक्षण करने और बोर्ड/प्रतियोगी परीक्षा में शत-प्रतिशत अंक प्राप्त करने के लिए नीचे दिए गए मॉक टेस्ट में अवश्य भाग लें।
👉 अध्याय का सारांश (Summary)
प्रिय अभ्यर्थियों, भारत की विविधतापूर्ण 'कला और संस्कृति' (Art and Culture) के विकास को दर्शाने वाले इस अत्यंत रंगीन और महत्वपूर्ण अध्याय 'क्षेत्रीय संस्कृतियों का निर्माण' में आपका हार्दिक स्वागत है। NEP 2020 के अंतर्गत क्षेत्रीय भाषाओं के विकास, शास्त्रीय नृत्यों, चित्रकला और स्थानीय धार्मिक परंपराओं का ऐतिहासिक विश्लेषण करना शिक्षा का एक अनिवार्य अंग है। SSC (CGL, CHSL), Railway (NTPC), CTET, State PCS और UPSC परीक्षाओं में चेर राज्य (Cheras), जगन्नाथ संप्रदाय (Jagannatha Cult), राजपूत परंपराओं, 'कथक' (Kathak) नृत्य के घरानों, और 'लघुचित्रकला' (Miniature Paintings) की कांगड़ा/बसोहली शैलियों पर सीधे फैक्चुअल और कांसेप्चुअल MCQ हमेशा पूछे जाते हैं।
भाषा और क्षेत्र के बीच गहरा संबंध होता है। महोदयपुरम के 'चेर' (Chera) राज्य (वर्तमान केरल का हिस्सा) की स्थापना 9वीं शताब्दी में हुई थी। यह मलयालम भाषा और लिपि के उपयोग का एक शानदार उदाहरण है। चेर शासकों ने अपने शिलालेखों में मलयालम (Malayalam) भाषा का प्रयोग किया, जो इस उपमहाद्वीप में क्षेत्रीय भाषा के आधिकारिक उपयोग के सबसे पुराने उदाहरणों में से एक है। 14वीं शताब्दी का एक महत्वपूर्ण ग्रंथ 'लीलातिलकम' (Lilatilakam), जो व्याकरण और काव्यशास्त्र से संबंधित है, 'मणिप्रवालम' (Manipravalam - हीरे और मूंगे, अर्थात् संस्कृत और क्षेत्रीय भाषा का मिश्रण) शैली में लिखा गया था।
क्षेत्रीय संस्कृतियाँ धार्मिक परंपराओं के इर्द-गिर्द भी विकसित हुईं। इसका सबसे अच्छा उदाहरण उड़ीसा के पुरी में 'जगन्नाथ संप्रदाय' (Jagannatha Cult - जगन्नाथ का अर्थ है दुनिया का स्वामी, जो विष्णु का पर्याय है) है। प्रारंभ में, स्थानीय जनजातीय लोग लकड़ी की मूर्ति बनाते थे, जो बाद में विष्णु के रूप में पहचानी गई। 12वीं शताब्दी में, गंग वंश के राजा 'अनंतवर्मन' ने पुरी में जगन्नाथ का एक भव्य मंदिर बनवाने का फैसला किया। जैसे-जैसे इस मंदिर का महत्व बढ़ा, मुग़लों, मराठों और अंग्रेजों ने इस पर नियंत्रण करने की कोशिश की, क्योंकि उनका मानना था कि इससे स्थानीय लोगों पर उनका शासन स्वीकार्य हो जाएगा। दूसरी ओर, राजस्थान की संस्कृति 'राजपूतों' की शूरवीरता (Heroism) और बलिदान की कहानियों से जुड़ी है। राजपूत शूरवीरों की कहानियों को चारण-भाट (Minstrels) काव्यों और गीतों में सुरक्षित रखते थे। महिलाओं को भी इन कहानियों में सती प्रथा (Sati) और जौहर के संदर्भ में याद किया जाता है।
शास्त्रीय नृत्यों (Classical Dances) में 'कथक' (Kathak) का विकास उत्तर भारत में हुआ। 'कथक' शब्द 'कथा' (कहानी) से बना है। मूल रूप से ये उत्तर भारत के मंदिरों में कहानी सुनाने वाले लोग थे, जो हाव-भाव और संगीत से अपनी कथा को सजाते थे। 15वीं और 16वीं सदी में भक्ति आंदोलन के साथ कथक का एक नई शैली में विकास हुआ। मुग़ल दरबारों में इस नृत्य को पेश किया गया जहाँ इसकी वर्तमान विशेषताएं विकसित हुईं। यह दो 'घरानों' (Gharanas) में विकसित हुआ: राजस्थान (जयपुर) और लखनऊ। अवध के नवाब 'वाजिद अली शाह' के संरक्षण में यह एक प्रमुख कला रूप बन गया। (वर्तमान में भारत में 8 मान्यता प्राप्त शास्त्रीय नृत्य हैं)।
इस काल में चित्रकला की एक बहुत ही सुंदर शैली 'लघुचित्रों' (Miniature Paintings) का विकास हुआ। ये छोटे आकार के चित्र होते थे, जिन्हें अक्सर पानी के रंगों से कपड़े या कागज पर बनाया जाता था। मुग़ल सम्राटों (अकबर, जहाँगीर, शाहजहाँ) ने अत्यधिक कुशल चित्रकारों को संरक्षण दिया जो पांडुलिपियों (Manuscripts) को चित्रित करते थे। मुग़ल साम्राज्य के पतन के बाद, ये चित्रकार क्षेत्रीय राज्यों (जैसे दक्कन और राजपूत दरबारों) में चले गए। हिमालय की तलहटी (हिमाचल प्रदेश) में 17वीं शताब्दी में लघुचित्रों की एक बोल्ड और तीव्र शैली का विकास हुआ जिसे 'बसोहली' (Basohli) कहा जाता है। 18वीं शताब्दी के मध्य तक, नादिर शाह के आक्रमण से बचकर आए चित्रकारों ने 'कांगड़ा शैली' (Kangra School) का विकास किया, जिसकी प्रेरणा वैष्णव परंपराएं थीं और इसकी विशेषता कोमल रंग (नीले और हरे) थे। बंगाल में, क्षेत्रीय भाषा का विकास संस्कृत से हुआ, और वहाँ 'पीर' (Pirs - आध्यात्मिक मार्गदर्शक) और दो-चाला (दो छत वाले) तथा चौ-चाला 'मंदिरों' का निर्माण व्यापक रूप से हुआ। NCERT बेस पर तैयार यह विस्तृत सामग्री आपको भारत की सांस्कृतिक विरासत को समझने में मदद करेगी। 3-Level ऑनलाइन क्विज़ से अपनी तैयारी परखें।
अध्याय के सभी प्रश्न (Revision Notes)
*नोट: यह सेक्शन रिवीजन के लिए है। अपना ज्ञान परखने के लिए ऊपर दिए गए क्विज़ में भाग लें।
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महोदयपुरम का चेर राज्य किस शताब्दी में स्थापित किया गया था?
A) सातवीं शताब्दी | B) आठवीं शताब्दी | C) नौवीं शताब्दी | D) दसवीं शताब्दी -
महोदयपुरम का चेर राज्य वर्तमान में भारत के किस राज्य का हिस्सा है?
A) तमिलनाडु | B) कर्नाटक | C) आंध्र प्रदेश | D) केरल -
चौदहवीं शताब्दी का प्रसिद्ध ग्रंथ लीलातिलकम किस विषय से संबंधित है?
A) आयुर्वेद और विज्ञान | B) व्याकरण और काव्यशास्त्र | C) युद्ध कला | D) वास्तुकला -
पुरी का प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर भारत के किस राज्य में स्थित है?
A) पश्चिम बंगाल | B) आंध्र प्रदेश | C) ओडिशा | D) बिहार -
बारहवीं शताब्दी में गंग वंश के किस राजा ने पुरी में पुरुषोत्तम जगन्नाथ के लिए मंदिर बनवाने का निश्चय किया?
A) अनंतवर्मन | B) अनंगभीम तृतीय | C) राजराज प्रथम | D) पुलकेशिन -
वर्ष 1230 में किस राजा ने अपना राज्य पुरुषोत्तम जगन्नाथ को अर्पित कर दिया और स्वयं को जगन्नाथ का प्रतिनियुक्त घोषित किया?
A) अनंतवर्मन | B) अनंगभीम तृतीय | C) अशोक | D) हर्षवर्धन -
उन्नीसवीं शताब्दी में ब्रिटिश लोग वर्तमान राजस्थान के क्षेत्र को क्या कहते थे?
A) राजपूताना | B) मारवाड़ | C) मेवाड़ | D) गुर्जरत्रा -
कथक शब्द किस मूल शब्द से निकला है जिसका अर्थ कहानी कहना होता है?
A) कथ्य | B) कथा | C) कीर्तन | D) कथन -
मूल रूप से कथक किस क्षेत्र के मंदिरों में कहानी सुनाने वालों की एक जाति थी?
A) दक्षिण भारत | B) उत्तर भारत | C) पूर्वी भारत | D) पश्चिमी भारत -
अवध के किस अंतिम नवाब के संरक्षण में कथक एक प्रमुख कला के रूप में उभरा?
A) सिराजुद्दौला | B) वाजिद अली शाह | C) सफदरजंग | D) शुजाउद्दौला -
छोटे आकार के चित्रों को जो आमतौर पर जलरंगों से कपड़े या कागज पर बनाए जाते हैं उन्हें क्या कहा जाता है?
A) भित्ति चित्र | B) तैल चित्र | C) लघु चित्र | D) कैनवास चित्र -
हिमालय की तलहटी वाले राज्यों में सत्रहवीं शताब्दी के बाद लघु चित्रकला की एक साहसपूर्ण और भावप्रवण शैली का विकास हुआ उसे क्या कहा जाता है?
A) कांगड़ा शैली | B) मेवाड़ शैली | C) बसोहली शैली | D) किशनगढ़ शैली -
बसोहली शैली का सबसे प्रसिद्ध चित्रित ग्रंथ कौन सा है जो भानुदत्त द्वारा रचित है?
A) रसमंजरी | B) गीत गोविंद | C) रामायण | D) महाभारत -
अठारहवीं शताब्दी के मध्य में कांगड़ा के चित्रकारों ने किस चित्रकला शैली का विकास किया?
A) बसोहली शैली | B) कांगड़ा शैली | C) मारवाड़ शैली | D) मुगल शैली -
आठवीं शताब्दी के चीनी यात्री ह्वेनसांग के अनुसार बंगाल में कौन सी भाषा बोली जाती थी?
A) संस्कृत से निकली भाषाएं | B) द्रविड़ भाषाएं | C) उर्दू | D) अरबी -
बंगाली भाषा का उद्भव किस प्राचीन भाषा से हुआ माना जाता है?
A) प्राकृत | B) पाली | C) संस्कृत | D) अपभ्रंश -
बंगाल में आध्यात्मिक गुरुओं या अलौकिक शक्तियों वाले व्यक्तियों को सम्मान से क्या कहा जाता था?
A) पंडित | B) पीर | C) मौलवी | D) संन्यासी -
बंगाल में पंद्रहवीं शताब्दी के बाद ईंट और मिट्टी के मंदिर किन लोगों के समर्थन से बनाए गए?
A) राजाओं और महाराजाओं | B) निम्न सामाजिक समूहों जैसे कालू और तेली | C) विदेशी व्यापारियों | D) केवल ब्राह्मणों -
बंगाल के मंदिरों की वास्तुकला किस आकार पर आधारित थी?
A) गुंबद और मीनार | B) दोचाला और चौचाला छप्पर की झोपड़ियों जैसी | C) विशाल गोपुरम | D) बौद्ध स्तूप -
वैष्णव भक्ति आंदोलन के किस महान संत ने बंगाल में कीर्तन का प्रचार किया?
A) चैतन्य देव | B) कबीर | C) तुलसीदास | D) सूरदास -
मणिप्रवालम शैली का शाब्दिक अर्थ क्या है जो लीलातिलकम ग्रंथ की विशेषता है?
A) मोती और सोना | B) हीरा और मूंगा जो संस्कृत और क्षेत्रीय भाषा के साथ उपयोग को दर्शाता है | C) काव्य और गद्य | D) नृत्य और संगीत -
चेर शासकों ने अपने राज्य में किस भाषा और लिपि को आधिकारिक रिकॉर्ड में शामिल किया?
A) तमिल | B) तेलुगु | C) मलयालम | D) कन्नड़ -
मुगलों और मराठों ने ओडिशा को जीतने के बाद जगन्नाथ मंदिर पर नियंत्रण क्यों स्थापित करना चाहा?
A) ताकि मंदिर का खजाना लूट सकें | B) ताकि स्थानीय लोगों पर उनका शासन आसानी से स्वीकार्य हो सके | C) ताकि वे वहां अपने देवी देवताओं की मूर्तियां रख सकें | D) ताकि वे मंदिर को तोड़ सकें -
राजपूत शूरवीरों की कहानियां चारण और भाटों द्वारा काव्यों और गीतों में क्यों सुरक्षित रखी गईं?
A) ताकि उन्हें धन मिल सके | B) ताकि अन्य लोगों को भी उन शूरवीरों का अनुकरण करने की प्रेरणा मिले | C) ताकि राजा खुश हों | D) ताकि वे इतिहास की किताबें लिख सकें -
पंद्रहवीं और सोलहवीं शताब्दी में कथक नृत्य का प्रसार किस धार्मिक आंदोलन के साथ हुआ?
A) सूफी आंदोलन | B) भक्ति आंदोलन | C) बौद्ध आंदोलन | D) जैन आंदोलन -
कथक नृत्य में रासलीला के अंतर्गत क्या प्रदर्शित किया जाता था?
A) राजाओं के युद्ध | B) राधा कृष्ण की कहानियां लोक नृत्य के साथ | C) प्रकृति के दृश्य | D) विदेशी कथाएं -
नादिरशाह के दिल्ली आक्रमण का मुगल चित्रकारों पर क्या प्रभाव पड़ा?
A) चित्रकार अमीर हो गए | B) चित्रकार डरकर पहाड़ों की ओर भाग गए जिससे पहाड़ी चित्रकला कांगड़ा शैली का विकास हुआ | C) चित्रकारों ने काम छोड़ दिया | D) चित्रकारों ने नादिरशाह के चित्र बनाए -
कांगड़ा शैली की चित्रकला की मुख्य विशेषता क्या थी?
A) केवल लाल और काले रंगों का प्रयोग | B) ठंडे नीले और हरे रंगों सहित कोमल रंगों का प्रयोग तथा विषयों का गीतात्मक वर्णन | C) केवल युद्ध के दृश्य | D) केवल राजाओं के चित्र -
बंगाल में पंद्रहवीं सदी के बाद बंगाली भाषा के एकीकरण में किसने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई?
A) विदेशी आक्रमणकारियों ने | B) विभिन्न क्षेत्रीय बोलियों के एकीकरण और ब्राह्मणों के सांस्कृतिक प्रभाव ने | C) सूफी संतों ने | D) केवल व्यापारियों ने -
बंगाली साहित्य के उस भाग को क्या कहते हैं जो संस्कृत से स्वतंत्र है और मौखिक परंपरा पर आधारित है?
A) महाकाव्य | B) नाथ साहित्य | C) पुराण | D) उपनिषद -
मंगलकाव्य क्या है जो बंगाली साहित्य का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है?
A) राजाओं की प्रशंसा के गीत | B) स्थानीय देवी देवताओं से संबंधित काव्य | C) विदेशी साहित्य का अनुवाद | D) गणित की पुस्तक -
मुगलों द्वारा बंगाल में मस्जिदें बनाने का एक प्रमुख सामाजिक उद्देश्य क्या था?
A) केवल नमाज पढ़ना | B) धार्मिक रूपांतरण और नए बसने वाले किसानों के लिए समुदाय और व्यवस्था का केंद्र बनाना | C) किलेबंदी करना | D) कर वसूलना -
बृहद्धर्म पुराण जो तेरहवीं सदी का संस्कृत ग्रंथ है बंगाल के इतिहास में क्यों महत्वपूर्ण है?
A) क्योंकि इसमें राजाओं की वंशावली है | B) क्योंकि इसने स्थानीय आहार की लोकप्रियता के कारण बंगाल के ब्राह्मणों को मछली खाने की अनुमति दी | C) क्योंकि इसमें मंदिर बनाने के नियम हैं | D) क्योंकि यह बंगाली भाषा की पहली पुस्तक है -
बंगाल के मंदिरों में दोचाला का क्या अर्थ है?
A) दो कमरों वाला मंदिर | B) दो छतों वाला ढांचा | C) दो मूर्तियों वाला मंदिर | D) दो दरवाजों वाला मंदिर -
बंगाल के मंदिरों की बाहरी दीवारों को आमतौर पर किस चीज से सजाया जाता था?
A) सोने की परत से | B) टेराकोटा या पकी मिट्टी की पट्टियों और सजावटी ईंटों से | C) संगमरमर से | D) विदेशी कांच से -
अंग्रेजों ने कथक नृत्य को किस दृष्टि से देखा?
A) उन्होंने इसका समर्थन किया | B) उन्होंने इसे बहुत सम्मान दिया | C) अधिकांश ब्रिटिश प्रशासकों ने इसे नापसंद किया | D) उन्होंने इसे अपने देश में लोकप्रिय बनाया -
मुगल सम्राट अकबर जहांगीर और शाहजहां के समय चित्रकारों ने मुख्य रूप से किन विषयों पर चित्र बनाए?
A) केवल पशु पक्षियों पर | B) इतिहास के दृश्य और काव्य पाण्डुलिपियों पर | C) केवल आम लोगों के जीवन पर | D) विदेशी राजाओं पर -
पूर्वी बंगाल में बड़े पैमाने पर पीर संस्कृति का उदय किस कारण से हुआ?
A) मराठों के डर से | B) लोगों के जंगलों को साफ करके खेती शुरू करने और नए बस्तियों में समुदायों को व्यवस्था और आश्वासन देने वाले नेताओं की आवश्यकता के कारण | C) अंग्रेजों के दबाव में | D) बाढ़ के कारण -
राजपूत परंपराओं में महिलाओं की स्थिति को अक्सर कहानियों में कैसे दर्शाया गया है?
A) वे युद्ध लड़ती थीं | B) वे शूरवीरों की पत्नियां थीं जो सती प्रथा का पालन करती थीं और अपने पतियों के साथ जीवन और मृत्यु दोनों में साथ निभाती थीं | C) वे व्यापार करती थीं | D) वे राजकाज संभालती थीं -
पुरी के जगन्नाथ मंदिर की मूर्तियां आज भी स्थानीय जनजातीय लोगों द्वारा लकड़ी से बनाई जाती हैं यह क्या दर्शाता है?
A) कि उनके पास पत्थर नहीं थे | B) कि जगन्नाथ मूल रूप से एक स्थानीय जनजातीय देवता थे जिन्हें बाद में विष्णु का रूप मान लिया गया | C) कि लकड़ी सस्ती थी | D) कि राजा ने ऐसा आदेश दिया था -
तीन कथनों पर विचार करें: 1. महोदयपुरम का चेर राज्य वर्तमान केरल में स्थित था। 2. चेर शासकों ने मलयालम भाषा को संरक्षण दिया। 3. लीलातिलकम ग्रंथ मणिप्रवालम शैली में लिखा गया है। इनमें से कौन से कथन सही हैं?
A) केवल 1 और 2 | B) केवल 2 और 3 | C) केवल 1 और 3 | D) तीनों कथन सही हैं -
कथन: मुगलों मराठों और अंग्रेजी ईस्ट इंडिया कंपनी ने ओडिशा पर अधिकार करने के बाद जगन्नाथ मंदिर पर अपना नियंत्रण स्थापित करने का प्रयास किया। कारण: उनका मानना था कि मंदिर पर नियंत्रण से स्थानीय जनता में उनका शासन स्वीकार्य हो जाएगा।
A) कथन और कारण दोनों सही हैं और कारण कथन की सही व्याख्या है | B) कथन और कारण दोनों सही हैं लेकिन व्याख्या सही नहीं है | C) कथन सही है लेकिन कारण गलत है | D) कथन गलत है लेकिन कारण सही है -
राजपूत शूरवीरता की कहानियों का राजनीतिक उपयोग क्या था?
A) केवल मनोरंजन के लिए | B) शासक वर्ग इन आदर्श कहानियों के माध्यम से आम जनता को अपने प्रति वफादार रहने और युद्ध में प्राण न्योछावर करने के लिए प्रेरित करता था | C) पड़ोसी राज्यों को डराने के लिए | D) केवल इतिहास की किताबों के लिए -
कथक नृत्य के विकास में मुगल दरबार की क्या भूमिका रही?
A) मुगलों ने कथक पर प्रतिबंध लगा दिया | B) मुगल दरबार में इस नृत्य ने अपनी वर्तमान विशेषताएं प्राप्त कीं और यह एक विशिष्ट नृत्य शैली के रूप में विकसित हुआ | C) मुगलों ने इसे केवल गांवों तक सीमित कर दिया | D) मुगलों ने इसे पूरी तरह बदल दिया -
लघु चित्रकला के क्षेत्रीयकरण का मुख्य कारण क्या था?
A) मुगल साम्राज्य का पतन | B) मुगल साम्राज्य के पतन के बाद चित्रकार क्षेत्रीय राज्यों जैसे राजपूताना और पहाड़ी क्षेत्रों के दरबारों में चले गए | C) कागज का महंगा होना | D) यूरोपीय चित्रकारों का भारत आना -
पूर्वी बंगाल में खेती के विस्तार और पीर संस्कृति के उदय में क्या सीधा संबंध था?
A) पीर खेती करते थे | B) जंगलों की कटाई से जो नए कृषक समुदाय बने उन्हें बाहरी दुनिया के खतरों से बचने के लिए आध्यात्मिक और सामाजिक नेताओं पीरों की जरूरत थी | C) पीरों ने खेती पर कर लगा दिया था | D) खेती के कारण पीर भाग गए -
कथन: बंगाल के निम्न सामाजिक समूहों ने बड़े पैमाने पर ईंट और मिट्टी के मंदिर बनवाए। निष्कर्ष: जैसे जैसे इन समूहों की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ उन्होंने मंदिरों का निर्माण करवाकर समाज में अपनी स्थिति और प्रतिष्ठा को ऊंचा उठाने का प्रयास किया।
A) कथन सही है लेकिन निष्कर्ष गलत है | B) कथन गलत है निष्कर्ष सही है | C) कथन और निष्कर्ष दोनों सही हैं और यह सामाजिक गतिशीलता को दर्शाता है | D) कथन और निष्कर्ष का कोई संबंध नहीं है -
बंगाली साहित्य के दो मुख्य भागों में क्या बुनियादी अंतर है?
A) एक कविता है और एक गद्य | B) पहला भाग संस्कृत महाकाव्यों के अनुवाद से जुड़ा है और तिथिबद्ध है जबकि दूसरा भाग नाथ साहित्य मौखिक परंपरा पर आधारित है और इसकी सटीक तिथि बताना कठिन है | C) एक अरबी में है और एक फारसी में | D) दोनों भागों में कोई अंतर नहीं है -
बंगाल के ब्राह्मणों द्वारा मछली खाने के संदर्भ में समाजशास्त्रीय दृष्टिकोण से क्या निष्कर्ष निकलता है?
A) ब्राह्मण धर्म भ्रष्ट हो गए थे | B) स्थानीय संस्कृति और आहार इतना मजबूत था कि ब्राह्मणवादी नियमों को झुकना पड़ा और बृहद्धर्म पुराण ने इसे धार्मिक मान्यता दे दी | C) मछली खाना अनिवार्य कर दिया गया था | D) ब्राह्मणों ने विद्रोह कर दिया था -
लीलातिलकम ग्रंथ का मणिप्रवालम शैली में लिखा जाना किस बात का प्रतीक है?
A) विदेशी आक्रमण का | B) क्षेत्रीय भाषा मलयालम और शास्त्रीय भाषा संस्कृत के बीच गहरे सांस्कृतिक और भाषाई जुड़ाव का | C) संस्कृत के पतन का | D) मलयालम भाषा की कमजोरी का -
कथक के शास्त्रीय नृत्य बनने के सफर में घरानों की क्या भूमिका रही?
A) घरानों ने इसे नष्ट कर दिया | B) राजस्थान जयपुर और लखनऊ जैसे घरानों ने कथक को अलग अलग शैलियों में ढाला और इसकी तकनीकी बारीकियों को निखारा | C) घराने केवल संगीत सिखाते थे | D) घरानों ने इसे विदेश भेज दिया -
मुगलों की लघु चित्रकला और पहाड़ी कांगड़ा चित्रकला में मुख्य वैचारिक अंतर क्या था?
A) मुगल चित्रकला युद्धों पर केंद्रित थी जबकि कांगड़ा शैली ने वैष्णव परंपराओं से प्रेरणा ली और कोमल रंगों के साथ गीतात्मक वर्णन को अपनाया | B) दोनों में कोई अंतर नहीं था | C) मुगल चित्रकला केवल कागज पर थी | D) कांगड़ा शैली में केवल राजाओं के चित्र थे -
बंगाल के भाषाई एकीकरण में किसका सबसे अधिक योगदान रहा?
A) केवल व्यापार का | B) संस्कृत के प्रभाव क्षेत्रीय बोलियों के मिश्रण और बाद में मुगलों द्वारा ढाका को राजधानी बनाने से उत्पन्न सांस्कृतिक एकीकरण का | C) केवल युद्धों का | D) विदेशी यात्रियों का -
बंगाल की चौचाला मंदिर वास्तुकला की क्या विशेषता थी?
A) यह बहुत ऊंची थी | B) इसमें चार त्रिकोणीय छतें होती थीं जो एक बिंदु या रेखा पर मिलती थीं जो झोपड़ियों की वास्तुकला की नकल थी | C) यह बिना छत के होती थी | D) यह पूरी तरह लोहे की बनी थी -
क्षेत्रीय संस्कृतियों के निर्माण में स्थानीय और शाही परंपराओं के मिश्रण का सबसे अच्छा उदाहरण क्या है?
A) मुगलों का भोजन | B) लघु चित्रकला का विकास जहां मुगल शैली ने स्थानीय राजपूत और पहाड़ी शैलियों के साथ मिलकर नई कलाकृतियों को जन्म दिया | C) केवल कपड़े पहनने का तरीका | D) केवल हथियार बनाने की कला -
जगन्नाथ की काष्ठ प्रतिमा का स्थानीय जनजातियों द्वारा निर्माण ऐतिहासिक रूप से क्या साबित करता है?
A) कि वे बहुत अच्छे बढ़ई थे | B) कि जगन्नाथ संप्रदाय की जड़ें आदिवासी और जनजातीय मान्यताओं में थीं जिन्हें बाद में मुख्यधारा के हिंदू धर्म ने अपना लिया | C) कि राजा ने उन्हें काम पर रखा था | D) कि लकड़ी आसानी से मिलती थी -
नादिरशाह के आक्रमण का भारत की सांस्कृतिक भौगोलिक गतिशीलता पर क्या प्रभाव पड़ा?
A) कोई प्रभाव नहीं पड़ा | B) दिल्ली से कलाकारों का पलायन हुआ जिन्होंने सुरक्षित पहाड़ी राज्यों में शरण ली और वहां कांगड़ा चित्रकला शैली को जन्म दिया | C) कलाकार व्यापार करने लगे | D) सभी चित्रकार मारे गए -
राजपूत महिलाओं का सती होना और शूरवीरता की कहानियों का विश्लेषण क्या दर्शाता है?
A) कि महिलाएं युद्ध लड़ती थीं | B) कि समाज में महिलाओं को पतियों की शूरवीरता और सम्मान के आदर्शों का निर्वाह करने के लिए इस कठोर प्रथा को आदर्श माना जाता था | C) कि महिलाएं बहुत स्वतंत्र थीं | D) कि सती प्रथा एक खेल था -
पीरों को अनाथों और बेसहारों का रक्षक क्यों माना जाता था?
A) क्योंकि उनके पास बहुत पैसा था | B) पूर्वी बंगाल में नई बस्तियां बसाने वाले लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ता था और पीर उन्हें आध्यात्मिक शांति सामाजिक व्यवस्था और सुरक्षा का एहसास कराते थे | C) क्योंकि वे राजा के सैनिक थे | D) क्योंकि वे जादूगर थे -
कथन: मध्यकाल में कोई भी संस्कृति पूरी तरह से अलग थलग नहीं रही। निष्कर्ष: व्यापार युद्धों और धार्मिक आंदोलनों के कारण विचारों भाषाओं और कला का आदान प्रदान हुआ जिससे क्षेत्रीय संस्कृतियां एक मिश्रित रूप में विकसित हुईं।
A) कथन सही है निष्कर्ष गलत है | B) कथन गलत है निष्कर्ष सही है | C) कथन और निष्कर्ष दोनों सही हैं और यह क्षेत्रीय संस्कृतियों के निर्माण की मुख्य धुरी है | D) कथन और निष्कर्ष दोनों गलत हैं
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