5. यात्रियों के नजरिए: समाज के बारे में उनकी समझ (Through the Eyes of Travellers: Perceptions of Society)
इस पेज पर आपको 5. यात्रियों के नजरिए: समाज के बारे में उनकी समझ (Through the Eyes of Travellers: Perceptions of Society) के सभी महत्वपूर्ण बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ), परीक्षा उपयोगी नोट्स और ऑनलाइन क्विज़ मिलेंगे। अपने ज्ञान का परीक्षण करने और बोर्ड/प्रतियोगी परीक्षा में शत-प्रतिशत अंक प्राप्त करने के लिए नीचे दिए गए मॉक टेस्ट में अवश्य भाग लें।
👉 अध्याय का सारांश (Summary)
प्रिय विद्यार्थियों, इस अध्याय में हम लगभग दसवीं से सत्रहवीं शताब्दी के बीच भारत आए विदेशी यात्रियों के यात्रा वृत्तांतों का गहराई से अध्ययन करेंगे। महिलाओं और पुरुषों ने रोजगार, व्यापार, साहसिक कार्यों या धार्मिक कारणों से यात्राएं कीं और अपने अनुभवों को लेखों के रूप में सहेजा। इस अध्याय में मुख्य रूप से तीन महत्वपूर्ण यात्रियों पर ध्यान केंद्रित किया गया है: अल-बिरूनी, इब्न बतूता और फ़्राँस्वा बर्नियर। अल-बिरूनी ग्यारहवीं शताब्दी में उज्बेकिस्तान के ख्वारिज्म से महमूद गजनवी के साथ भारत आया था। उसने अरबी भाषा में 'किताब-उल-हिंद' नामक प्रसिद्ध ग्रंथ लिखा। यह 80 अध्यायों में बंटी एक विस्तृत पुस्तक है जिसमें धर्म, दर्शन, खगोल विज्ञान, रीति-रिवाजों और मूर्तिकला का वर्णन है। अल-बिरूनी ने भारत को समझने में तीन मुख्य बाधाओं का उल्लेख किया: संस्कृत भाषा की जटिलता, धार्मिक मान्यताओं में भिन्नता, और स्थानीय लोगों का अभिमान। उसने भारतीय जाति व्यवस्था की तुलना प्राचीन फारस से की, लेकिन ब्राह्मणवादी व्यवस्था में 'अपवित्रता' की धारणा को प्रकृति के नियमों के खिलाफ बताकर खारिज कर दिया।
चौदहवीं शताब्दी में मोरक्को (अफ्रीका) का यात्री इब्न बतूता भारत आया। वह इस्लामी कानून का विशेषज्ञ था। उसने अपने यात्रा वृत्तांत को 'रिहला' नाम से अरबी भाषा में लिखा। वह दिल्ली के सुल्तान मुहम्मद बिन तुगलक के दरबार में पहुंचा, जिसने उसकी विद्वता से प्रभावित होकर उसे दिल्ली का काजी नियुक्त किया। इब्न बतूता को भारत के शहर घनी आबादी वाले और समृद्ध लगे। उसने दिल्ली को सबसे बड़ा शहर बताया और दौलताबाद की तुलना भी दिल्ली से की। उसने भारतीय संचार और डाक प्रणाली (अश्व डाक और पैदल डाक) की भूरि-भूरि प्रशंसा की, जिसके माध्यम से सूचनाएं और माल बहुत तेजी से एक स्थान से दूसरे स्थान पर पहुंचते थे। इब्न बतूता ने पान और नारियल जैसी अनूठी भारतीय उपजों का भी रोचक वर्णन किया।
सत्रहवीं शताब्दी में फ्रांस का रहने वाला फ़्राँस्वा बर्नियर भारत आया। वह एक चिकित्सक, राजनीतिक दार्शनिक और इतिहासकार था। वह बारह वर्ष तक मुगल दरबार (विशेषकर दारा शिकोह और बाद में औरंगजेब के दरबार) से जुड़ा रहा। बर्नियर ने अपनी पुस्तक 'ट्रैवल्स इन द मुगल एम्पायर' में भारत की स्थिति की तुलना हमेशा यूरोप से की और यूरोप को श्रेष्ठ बताया। बर्नियर का सबसे प्रमुख और विवादित विचार 'भूमि पर राज्य का स्वामित्व' था। उसका मानना था कि भारत में निजी संपत्ति का अभाव है और सारी जमीन सम्राट की है, जिसके कारण कृषि और समाज का पतन हो रहा है। उसने मुगल शहरों को 'शिविर नगर' कहा। उसके इन विचारों ने मांटेस्क्यू के 'प्राच्य निरंकुशवाद' और कार्ल मार्क्स के 'एशियाई उत्पादन शैली' जैसे यूरोपीय दर्शनों को गहराई से प्रभावित किया। यह अध्याय हमें बाहरी नजरिए से हमारे अतीत को समझने का एक शानदार अवसर प्रदान करता है।
विशेषता: यह एक 3-Level आधारित यूनीक क्विज़ है। अगले स्तर को अनलॉक करने के लिए छात्रों को वर्तमान स्तर में कम से कम 70% अंक स्कोर करने होंगे, जो आपकी बोर्ड परीक्षा की तैयारी को 100% मजबूत बनाता है।
अध्याय के सभी प्रश्न (Revision Notes)
*नोट: यह सेक्शन रिवीजन के लिए है। अपना ज्ञान परखने के लिए ऊपर दिए गए क्विज़ में भाग लें।
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अल-बिरूनी का जन्म आधुनिक उज्बेकिस्तान के किस स्थान पर हुआ था?
A) समरकंद | B) ख्वारिज्म | C) ताशकंद | D) बुखारा -
अल-बिरूनी की प्रसिद्ध पुस्तक किताब-उल-हिंद किस भाषा में लिखी गई थी?
A) फारसी | B) तुर्की | C) अरबी | D) संस्कृत -
इब्न बतूता मूल रूप से किस देश का निवासी था?
A) फ्रांस | B) इटली | C) मोरक्को | D) पुर्तगाल -
इब्न बतूता के यात्रा वृत्तांत को किस नाम से जाना जाता है?
A) किताब-उल-हिंद | B) इंडिका | C) रिहला | D) ट्रैवल्स -
फ़्राँस्वा बर्नियर किस देश से भारत आया था?
A) पुर्तगाल | B) फ्रांस | C) ब्रिटेन | D) स्पेन -
किताब-उल-हिंद को अल-बिरूनी ने कुल कितने अध्यायों में विभाजित किया है?
A) पचास | B) साठ | C) अस्सी | D) सौ -
इब्न बतूता किस सुल्तान के शासनकाल में भारत आया था?
A) अलाउद्दीन खिलजी | B) मुहम्मद बिन तुगलक | C) गयासुद्दीन बलबन | D) सिकंदर लोदी -
फ़्राँस्वा बर्नियर पेशे से मुख्य रूप से क्या था?
A) केवल एक सैनिक | B) एक चिकित्सक दार्शनिक और इतिहासकार | C) एक व्यापारी | D) एक किसान -
मुहम्मद बिन तुगलक ने इब्न बतूता की विद्वता से प्रभावित होकर उसे किस पद पर नियुक्त किया था?
A) सेनापति | B) वजीर | C) दिल्ली का काजी | D) राजवैद्य -
ट्रैवल्स इन द मुगल एम्पायर नामक पुस्तक किसने लिखी थी?
A) अल-बिरूनी | B) इब्न बतूता | C) फ़्राँस्वा बर्नियर | D) जीन बैप्टिस्ट टैवर्नियर -
अल-बिरूनी किसके साथ भारत आया था?
A) मोहम्मद गौरी | B) महमूद गजनवी | C) बाबर | D) तैमूर लंग -
इब्न बतूता ने भारत के किस शहर को सबसे विशाल और घनी आबादी वाला बताया?
A) दौलताबाद | B) आगरा | C) दिल्ली | D) लाहौर -
अश्व डाक व्यवस्था को इब्न बतूता ने क्या नाम दिया था?
A) दावा | B) उलुक | C) सराय | D) मनसब -
पैदल डाक व्यवस्था को इब्न बतूता के वृत्तांत में क्या कहा गया है?
A) दावा | B) उलुक | C) काजी | D) मुकद्दम -
फ़्राँस्वा बर्नियर कितने वर्षों तक भारत में मुगल दरबार से जुड़ा रहा?
A) पांच वर्ष | B) दस वर्ष | C) बारह वर्ष | D) पंद्रह वर्ष -
अल-बिरूनी ने भारतीय समाज को समझने के लिए किस भाषा को सीखना आवश्यक समझा?
A) पालि | B) प्राकृत | C) संस्कृत | D) तमिल -
अल-बिरूनी ने ब्राह्मणवादी वर्ण व्यवस्था की तुलना किस प्राचीन समाज के चार वर्गों से की थी?
A) यूनानी समाज | B) प्राचीन फारस का समाज | C) मिस्र का समाज | D) रोमन समाज -
इब्न बतूता के अनुसार मुल्तान से दिल्ली की यात्रा में लगभग कितने दिन लगते थे?
A) दस दिन | B) बीस दिन | C) चालीस दिन | D) पचास दिन -
इब्न बतूता ने किन दो भारतीय वनस्पति उपजों का बहुत विस्तार और हैरानी से वर्णन किया था?
A) चाय और कॉफी | B) गेहूं और चावल | C) नारियल और पान | D) कपास और जूट -
फ़्राँस्वा बर्नियर ने अपनी पुस्तक किसे समर्पित की थी?
A) फ्रांस के राजा लुई चौदहवें को | B) मुगल सम्राट औरंगजेब को | C) दारा शिकोह को | D) ब्रिटेन की महारानी को -
इब्न बतूता ने अपनी यात्रा किस वर्ष शुरू की थी जब वह मक्का की तीर्थयात्रा पर निकला था?
A) बारह सौ बत्तीस | B) तेरह सौ बत्तीस | C) चौदह सौ बत्तीस | D) पंद्रह सौ बत्तीस -
बर्नियर ने मुगल शहरों को किस नाम से पुकारा क्योंकि उसका मानना था कि ये केवल शाही दरबार की उपस्थिति से ही अस्तित्व में रहते हैं?
A) औद्योगिक नगर | B) शिविर नगर | C) व्यापारिक नगर | D) छावनी नगर -
अल-बिरूनी के अनुसार भारतीय समाज को समझने में सबसे बड़ी बाधा क्या थी?
A) पैसों की कमी | B) संस्कृत भाषा की भिन्नता और भारतीय विद्वानों का अभिमान | C) सड़कों का न होना | D) जलवायु का खराब होना -
इब्न बतूता ने दिल्ली के अलावा किस अन्य शहर को दिल्ली के बराबर विशाल और समृद्ध बताया?
A) सूरत | B) मदुरै | C) दौलताबाद | D) पटना -
मुगल दरबार में बर्नियर किस राजकुमार का चिकित्सक बनकर रहा था?
A) शाह शुजा | B) मुराद | C) दारा शिकोह | D) औरंगजेब -
इब्न बतूता के वृत्तांत के अनुसार सुल्तान के जासूस के रूप में अक्सर किन्हें नियुक्त किया जाता था?
A) विदेशी यात्रियों को | B) व्यापारियों को | C) महिला दासियों को | D) किसानों को -
बर्नियर का मानना था कि मुगल साम्राज्य में भूमि का असली मालिक कौन होता था?
A) किसान | B) जमींदार | C) केवल राज्य या सम्राट | D) ग्राम पंचायत -
अल-बिरूनी की लेखन शैली की सबसे अनूठी विशेषता क्या थी?
A) कविताओं में लिखना | B) प्रत्येक अध्याय की शुरुआत एक प्रश्न से करना और गणितीय दृष्टिकोण अपनाना | C) केवल राजाओं की प्रशंसा करना | D) काल्पनिक कहानियां लिखना -
इब्न बतूता ने भारतीय डाक प्रणाली की कुशलता का उदाहरण कैसे दिया?
A) चिट्ठियां कभी नहीं पहुंचती थीं | B) जो यात्रा पचास दिन की थी वह डाक द्वारा केवल पांच दिन में पूरी हो जाती थी | C) डाक प्रणाली बहुत महंगी थी | D) डाक केवल राजा के लिए थी -
अल-बिरूनी ने पतंजलि के व्याकरण और अन्य संस्कृत ग्रंथों का किस भाषा में अनुवाद किया था?
A) फारसी | B) अरबी | C) तुर्की | D) ग्रीक -
फ़्राँस्वा बर्नियर द्वारा दिए गए भूमि पर राज्य के स्वामित्व के सिद्धांत ने किस प्रसिद्ध फ्रांसीसी दार्शनिक को प्राच्य निरंकुशवाद का विचार विकसित करने के लिए प्रेरित किया?
A) वाल्टेयर | B) रूसो | C) मांटेस्क्यू | D) कार्ल मार्क्स -
कार्ल मार्क्स ने बर्नियर के विवरणों का उपयोग उन्नीसवीं सदी में किस प्रसिद्ध आर्थिक सिद्धांत को गढ़ने के लिए किया था?
A) पूंजीवाद का अंत | B) एशियाई उत्पादन शैली | C) औद्योगिक क्रांति | D) मुक्त व्यापार -
अल-बिरूनी ने ब्राह्मणवादी जाति व्यवस्था को स्वीकार किया लेकिन उसने किस विशिष्ट धारणा को पूरी तरह से खारिज कर दिया?
A) विवाह के नियमों को | B) अपवित्रता की धारणा को क्योंकि प्रकृति में हर अपवित्र चीज अपनी पवित्रता वापस पाने का प्रयास करती है | C) यज्ञ करने की प्रथा को | D) वेदों के अध्ययन को -
बर्नियर के अनुसार निजी संपत्ति के अभाव ने भारतीय कृषि को कैसे नष्ट कर दिया?
A) किसानों ने खेती करना छोड़ दिया | B) जमींदारों के पास जमीन सुधारने का कोई प्रोत्साहन नहीं था क्योंकि वे इसे अपने बच्चों को नहीं दे सकते थे | C) जमीन बंजर हो गई थी | D) किसानों के पास बीज नहीं थे -
इब्न बतूता के विवरण से यह सिद्ध होता है कि मध्यकालीन भारत का व्यापारिक नेटवर्क कैसा था?
A) यह केवल भारत तक सीमित था | B) यह अत्यधिक विस्तृत था और भारतीय सूती कपड़ा तथा रेशम की पश्चिम और दक्षिण पूर्व एशिया में भारी मांग थी | C) व्यापार पूरी तरह से ठप था | D) केवल अरब लोग व्यापार करते थे -
बर्नियर ने मुगल समाज के सामाजिक ढांचे का वर्णन किस रूप में किया है जो वास्तविकता से भिन्न प्रतीत होता है?
A) सभी लोग बहुत अमीर थे | B) उसने समाज को केवल अमीर शासक वर्ग और अत्यंत गरीब जनता में बांटा और मध्यम वर्ग के अस्तित्व को नकार दिया | C) सभी लोग समान थे | D) समाज में कोई गरीब नहीं था -
अल-बिरूनी द्वारा भारतीय विद्वानों की आलोचना का मुख्य आधार क्या था?
A) वे लोग ज्ञानी नहीं थे | B) उनका कूपमंडूक होना और यह मानना कि उनके देश और ज्ञान जैसा दुनिया में कुछ नहीं है | C) वे पैसे के लालची थे | D) वे विदेशी भाषाएं बोलते थे -
इब्न बतूता द्वारा वर्णित भारतीय शहरों की समृद्धि का सबसे प्रमुख कारण क्या था?
A) विदेशी सहायता | B) कृषि का अधिशेष और गांवों से शहरों की ओर होने वाला मजबूत व्यापारिक प्रवाह | C) केवल लूट का माल | D) सोने की खदानें -
बर्नियर के यात्रा वृत्तांतों को अठारहवीं सदी के यूरोप में इतनी अधिक लोकप्रियता क्यों मिली?
A) क्योंकि वह बहुत अच्छा लिखता था | B) क्योंकि इसने यूरोप की श्रेष्ठता और एशिया के पिछड़ेपन की अवधारणा को बल और औचित्य प्रदान किया | C) क्योंकि यूरोप के लोग भारत आना चाहते थे | D) क्योंकि इसमें काल्पनिक कहानियां थीं -
इब्न बतूता ने दास प्रथा के बारे में जो विवरण दिया है उससे तत्कालीन समाज की किस कठोर वास्तविकता का पता चलता है?
A) दास प्रथा मौजूद नहीं थी | B) दासों को बाजारों में सामान्य वस्तुओं की तरह खरीदा और बेचा जाता था तथा सुल्तानों को उपहार स्वरूप दिया जाता था | C) दास केवल खेती करते थे | D) दासों को राजा बनाया जाता था -
अल-बिरूनी की किताब-उल-हिंद की भाषा की शैली के बारे में कौन सा कथन सबसे सटीक है?
A) यह बहुत जटिल और कठिन थी | B) यह सरल स्पष्ट और विषय को सीधे तौर पर समझाने वाली अरबी भाषा थी | C) यह संस्कृत और अरबी का मिश्रण थी | D) यह केवल पहेलियों में लिखी गई थी -
बर्नियर ने भारत के कारीगरों और उनके उत्पादों के बारे में क्या विरोधाभासी टिप्पणी की थी?
A) कारीगर दुनिया में सबसे अच्छे थे | B) भारतीय उत्पाद दुनिया भर में जाते थे लेकिन कारीगरों की स्थिति अत्यंत दयनीय थी और राज्य उन्हें कोई प्रोत्साहन नहीं देता था | C) कारीगर बहुत अमीर थे | D) कारीगरों ने काम करना बंद कर दिया था -
इब्न बतूता के अनुसार भारतीय कृषि के समृद्ध होने का सबसे बड़ा प्राकृतिक कारण क्या था?
A) मशीनों का उपयोग | B) मिट्टी का अत्यधिक उपजाऊ होना जिसके कारण किसान वर्ष में दो फसलें उगा पाते थे | C) किसानों की मेहनत | D) नदियों की अधिकता -
फ़्राँस्वा बर्नियर की नजर में सती प्रथा का सबसे दर्दनाक पहलू क्या था?
A) महिलाएं खुद मरना चाहती थीं | B) कई बार युवा विधवाओं को उनके परिवार द्वारा जबरन और क्रूरतापूर्वक आग में धकेल दिया जाता था | C) यह एक आम बात थी | D) इससे कोई फर्क नहीं पड़ता था -
अल-बिरूनी ने भारतीय ग्रंथों का अध्ययन करते समय मुख्य रूप से किन पर भरोसा किया?
A) बौद्ध ग्रंथों पर | B) विदेशी यात्रियों के विवरणों पर | C) वेदों पुराणों भगवद्गीता और पतंजलि की कृतियों पर | D) केवल जैन ग्रंथों पर -
मुगलकालीन भारत में शिविर नगरों की बर्नियर की अवधारणा को आधुनिक इतिहासकारों ने क्यों खारिज कर दिया है?
A) क्योंकि मुगल शहर बहुत छोटे थे | B) ऐतिहासिक साक्ष्यों से पता चलता है कि मुगल शहर मजबूत व्यापारिक और औद्योगिक केंद्र थे जो केवल शाही दरबार पर निर्भर नहीं थे | C) क्योंकि बर्नियर कभी भारत नहीं आया | D) क्योंकि मुगल शहरों में कोई रहता नहीं था -
इब्न बतूता के यात्रा वृत्तांत से यह भी स्पष्ट होता है कि तत्कालीन समय में यात्रा करना कैसा था?
A) बहुत सुरक्षित और आरामदायक | B) अत्यंत जोखिम भरा जिसमें बीमारियों और डाकुओं के हमलों का लगातार खतरा बना रहता था | C) हवाई यात्रा जैसी सुविधा थी | D) यात्रा पर पूरी तरह प्रतिबंध था -
बर्नियर के वृत्तांत में भारत का चित्रण एक ऐसे समाज के रूप में किया गया है जो पतन की ओर जा रहा है इसके पीछे उसका मुख्य राजनीतिक उद्देश्य क्या था?
A) भारत को सुधारना | B) फ्रांसीसी राजाओं को चेतावनी देना कि यदि उन्होंने निजी संपत्ति का अधिकार छीना तो फ्रांस का हाल भी भारत जैसा होगा | C) भारत में व्यापार बढ़ाना | D) भारतीयों को डराना -
अल-बिरूनी ने इस्लाम और हिंदू धर्म के बीच किस दार्शनिक समानता की ओर संकेत किया था यद्यपि समाज अलग थे?
A) मूर्तियों की पूजा में | B) ईश्वर की एकता और सर्वोच्च सत्ता के अमूर्त दार्शनिक विचारों में | C) जाति व्यवस्था में | D) दोनों में कोई समानता नहीं थी -
इब्न बतूता द्वारा उल्लिखित उलुक और दावा में सबसे बड़ा तकनीकी और संचालनात्मक अंतर क्या था?
A) उलुक सस्ता था और दावा महंगा | B) उलुक घोड़ों द्वारा संचालित होता था जबकि दावा पैदल हरकारों की एक अत्यंत तेज रिले प्रणाली थी | C) दोनों में कोई अंतर नहीं था | D) दावा केवल समुद्र में चलता था
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