9. राजस्थानी भाषा और साहित्य (Rajasthani Language and Literature)
इस पेज पर आपको 9. राजस्थानी भाषा और साहित्य (Rajasthani Language and Literature) के सभी महत्वपूर्ण बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQ), परीक्षा उपयोगी नोट्स और ऑनलाइन क्विज़ मिलेंगे। अपने ज्ञान का परीक्षण करने और बोर्ड/प्रतियोगी परीक्षा में शत-प्रतिशत अंक प्राप्त करने के लिए नीचे दिए गए मॉक टेस्ट में अवश्य भाग लें।
👉 अध्याय का सारांश (Summary)
प्रिय अभ्यर्थियों, एक समृद्ध संस्कृति की सबसे बड़ी पहचान उसकी भाषा और उसका साहित्य होता है। इस बौद्धिक अध्याय 'राजस्थानी भाषा और साहित्य' (Rajasthani Language and Literature) में हम राजस्थानी भाषा के विकास क्रम और यहाँ के महान रचनाकारों की कालजयी कृतियों का अध्ययन करेंगे। State PCS, SSC, CET और REET जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं में डिंगल (Dingal) और पिंगल (Pingal) शैलियों, प्रमुख बोलियों (Dialects), और ऐतिहासिक ग्रंथों के लेखकों से संबंधित ढेरों वस्तुनिष्ठ प्रश्न (Objective Questions) हमेशा पूछे जाते हैं। यह अध्याय राजस्थानी संस्कृति का लिखित दर्पण है।
राजस्थानी भाषा की उत्पत्ति शौरसेनी प्राकृत के 'गुर्जरी अपभ्रंश' से मानी जाती है। भाषा वैज्ञानिक जॉर्ज अब्राहम ग्रियर्सन (George Abraham Grierson) ने 1912 में अपनी पुस्तक 'लिंग्विस्टिक सर्वे ऑफ इंडिया' में सबसे पहले राजस्थानी बोलियों का वैज्ञानिक वर्गीकरण प्रस्तुत किया था। दैनिक जीवन में जब आप राजस्थान के अलग-अलग जिलों की यात्रा करते हैं, तो आप पाएंगे कि हर 50-100 किलोमीटर पर लोगों के बोलने का लहजा बदल जाता है। पश्चिमी राजस्थान में मारवाड़ी (Marwadi), बीकानेरी और मेवाड़ी बोली जाती है, जबकि पूर्वी राजस्थान में ढूंढाड़ी (Dhundhari), हाड़ौती और मेवाती का प्रभाव है। मारवाड़ी राजस्थानी भाषा की मानक और सबसे प्रधान बोली मानी जाती है।
प्रतियोगी परीक्षाओं के दृष्टिकोण से राजस्थानी साहित्य की 'डिंगल' और 'पिंगल' शैलियों को समझना अत्यंत आवश्यक है। डिंगल शैली मुख्य रूप से चारण कवियों द्वारा पश्चिमी राजस्थान (मारवाड़) में प्रयुक्त की गई, जो वीर रस से भरपूर है। दूसरी ओर, पिंगल शैली पूर्वी राजस्थान (भाट कवियों) में विकसित हुई, जिस पर ब्रज भाषा का प्रभाव है। चंदबरदाई (Chandbardai) द्वारा रचित 'पृथ्वीराज रासो' (Prithviraj Raso) पिंगल शैली का एक उत्कृष्ट उदाहरण है, जबकि डिंगल साहित्य में बीकानेर के पृथ्वीराज राठौड़ द्वारा रचित 'वेलि क्रिसन रुकमणी री' (Veli Krishan Rukmani Ri) को 5वां वेद और 19वां पुराण कहा जाता है।
साहित्य के ऐतिहासिक ग्रंथों में सूर्यमल्ल मिश्रण (Suryamalla Mishrana) का नाम सबसे ऊपर आता है, जिन्हें राजस्थान का राज्य कवि (State Poet) माना जाता है। उनकी रचना 'वंश भास्कर' (Vansh Bhaskar) और 'वीर सतसई' प्रतियोगी परीक्षाओं का बहुत ही फेवरेट प्रश्न है। इसी प्रकार कन्हैयालाल सेठिया (Kanhaiyalal Sethia) की 'पाथल और पीथल' (Pithal and Pathal) तथा 'लीलाटांस' आधुनिक राजस्थानी साहित्य की अमूल्य धरोहर हैं। साहित्य को ख्यात (Khyat), वात (Vaat), मरस्या और रासो जैसे विभिन्न रूपों में लिखा गया है। मुह्णोत नैणसी री ख्यात (राजपूताना का गजेटियर) भी एक बहुत प्रामाणिक ऐतिहासिक स्रोत है। NCERT बेस पर आधारित इन ग्रंथों और लेखकों के नामों को रट लेना आपकी सफलता के लिए बहुत जरूरी है।
विशेषता: यह एक 3-Level आधारित यूनीक क्विज़ है। अगले स्तर (Level 2 और 3) को अनलॉक करने के लिए अभ्यर्थियों को वर्तमान स्तर में कम से कम 70% अंक स्कोर करने होंगे, जो आपकी प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी को 100% मजबूत बनाता है。
अध्याय के सभी प्रश्न (Revision Notes)
*नोट: यह सेक्शन रिवीजन के लिए है। अपना ज्ञान परखने के लिए ऊपर दिए गए क्विज़ में भाग लें।
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भाषाई आधार पर राजस्थानी का सबसे पहले वर्गीकरण किसने किया था?
A) जॉर्ज अब्राहम ग्रियर्सन | B) टेसीटोरी | C) मोतीलाल मेनारिया | D) सुनीति कुमार चटर्जी -
राजस्थानी भाषा का उद्भव किस अपभ्रंश से माना जाता है?
A) शौरसेनी गुर्जरी अपभ्रंश | B) मागधी | C) अर्धमागधी | D) महाराष्ट्रि -
क्षेत्रफल की दृष्टि से राजस्थान की सबसे बड़ी बोली कौन सी है?
A) मारवाड़ी | B) मेवाड़ी | C) ढूंढाड़ी | D) हाड़ौती -
ढूंढाड़ी बोली मुख्य रूप से किस क्षेत्र में बोली जाती है?
A) जयपुर | B) जोधपुर | C) बीकानेर | D) कोटा -
मेवाती बोली का संबंध राजस्थान के किन जिलों से है?
A) अलवर और भरतपुर | B) कोटा और बूंदी | C) डूंगरपुर और बांसवाड़ा | D) सीकर और झुंझुनूं -
वागड़ी बोली राजस्थान के किस भाग में बोली जाती है?
A) दक्षिण | B) उत्तर | C) पूर्व | D) पश्चिम -
पृथ्वीराज रासो के रचयिता कौन हैं?
A) चन्दबरदाई | B) जयानक | C) नरपति नाल्ह | D) पद्मनाभ -
कान्हड़दे प्रबन्ध के लेखक कौन हैं?
A) पद्मनाभ | B) सूर्यमल मिश्रण | C) बांकीदास | D) दयालदास -
वीर सतसई और वंश भास्कर किसकी प्रसिद्ध रचनाएँ हैं?
A) सूर्यमल मिश्रण | B) मुँहणोत नैणसी | C) केसरी सिंह बारहठ | D) कन्हैयालाल सेठिया -
मारवाड़ रा परगना री विगत के लेखक कौन हैं?
A) मुँहणोत नैणसी | B) बांकीदास | C) कविराज श्यामलदास | D) शिवदास -
वीर विनोद नामक ऐतिहासिक ग्रंथ की रचना किसने की थी?
A) कविराज श्यामलदास | B) मुँहणोत नैणसी | C) सूर्यमल मिश्रण | D) गौरीशंकर हीराचंद ओझा -
पाथल और पीथल किसकी प्रसिद्ध काव्य रचना है?
A) कन्हैयालाल सेठिया | B) विजयदान देथा | C) चंद्रसिंह बिरकाली | D) नारायण सिंह भाटी -
बातां री फुलवारी के लेखक कौन हैं जिन्हें 'बिज्जी' भी कहा जाता है?
A) विजयदान देथा | B) कन्हैयालाल सेठिया | C) कोमल कोठारी | D) यादवेन्द्र शर्मा -
वंश भास्कर को किसने पूरा किया था?
A) मुरारीदान | B) शिवदान | C) सूर्यमल | D) करणीदान -
राजस्थानी भाषा दिवस कब मनाया जाता है?
A) इक्कीस फरवरी | B) तीस मार्च | C) चौदह सितंबर | D) एक नवंबर -
कवि माघ का जन्म स्थान कौन सा है?
A) भीनमाल | B) आबू | C) चित्तौड़ | D) अजमेर -
बीसलदेव रासो की मुख्य भाषा (बोली) कौन सी है?
A) गोडवाड़ी | B) मारवाड़ी | C) मेवाड़ी | D) हाड़ौती -
ढोला मारू रा दूहा के रचयिता कौन हैं?
A) कवि कल्लोल | B) कुशललाभ | C) नैणसी | D) बांकीदास -
पद्मावत के लेखक मलिक मोहम्मद जायसी ने यह ग्रंथ किसके शासनकाल में लिखा था?
A) शेरशाह सूरी | B) अकबर | C) अलाउद्दीन खिलजी | D) हुमायूँ -
डिंगल और पिंगल क्या हैं?
A) राजस्थानी साहित्य की शैलियाँ | B) राजस्थान की बोलियाँ | C) सजावटी कला | D) वाद्य यंत्र -
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और सही कूट का चयन कीजिए:
सूची-I (बोली) — सूची-II (क्षेत्र)
(a) मारवाड़ी — (1) उदयपुर
(b) मेवाड़ी — (2) जोधपुर
(c) हाड़ौती — (3) जयपुर
(d) ढूंढाड़ी — (4) कोटा
A) a-2, b-1, c-4, d-3 | B) a-1, b-2, c-3, d-4 | C) a-4, b-3, c-2, d-1 | D) a-3, b-4, c-1, d-2 -
सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और सही कूट का चयन कीजिए:
सूची-I (ग्रंथ) — सूची-II (लेखक)
(a) खुमाण रासो — (1) दलपत विजय
(b) हम्मीर रासो — (2) जोधराज
(c) वंश भास्कर — (3) सूर्यमल मिश्रण
(d) धरती धोरा री — (4) कन्हैयालाल सेठिया
A) a-1, b-2, c-3, d-4 | B) a-2, b-1, c-4, d-3 | C) a-3, b-4, c-1, d-2 | D) a-4, b-3, c-2, d-1 -
कथन (A): राजस्थानी भाषा की डिंगल शैली मुख्य रूप से चारण कवियों द्वारा विकसित की गई।
कारण (R): यह मारवाड़ी भाषा का साहित्यिक रूप है जिसमें वीर रस की कविताओं की प्रधानता है।
A) कथन और कारण दोनों सही हैं तथा कारण सही व्याख्या है | B) कथन और कारण दोनों सही हैं परन्तु कारण व्याख्या नहीं है | C) कथन सही है परन्तु कारण गलत है | D) कथन गलत है परन्तु कारण सही है -
कथन (A): वागड़ी बोली पर गुजराती भाषा का गहरा प्रभाव दिखाई देता है।
कारण (R): डूंगरपुर और बांसवाड़ा क्षेत्र गुजरात की सीमा से सटे हुए हैं।
A) कथन और कारण दोनों सही हैं तथा कारण सही व्याख्या है | B) कथन और कारण दोनों सही हैं परन्तु कारण व्याख्या नहीं है | C) कथन सही है परन्तु कारण गलत है | D) कथन गलत है परन्तु कारण सही है -
कथन (A): सूर्यमल मिश्रण को राजस्थान का राज्य कवि कहा जाता है।
कारण (R): उन्होंने अट्ठारह सौ सत्तावन की क्रांति के दौरान अपनी रचनाओं से वीरों में जोश भरा था।
A) कथन और कारण दोनों सही हैं तथा कारण सही व्याख्या है | B) कथन और कारण दोनों सही हैं परन्तु कारण व्याख्या नहीं है | C) कथन सही है परन्तु कारण गलत है | D) कथन गलत है परन्तु कारण सही है -
कथन (A): एल पी टेसीटोरी ने पश्चिमी राजस्थानी (मारवाड़ी) का व्याकरण तैयार किया था।
कारण (R): वे बीकानेर के महाराजा गंगा सिंह के निमंत्रण पर राजस्थान के चारण साहित्य का अध्ययन करने आए थे।
A) कथन और कारण दोनों सही हैं तथा कारण सही व्याख्या है | B) कथन और कारण दोनों सही हैं परन्तु कारण व्याख्या नहीं है | C) कथन सही है परन्तु कारण गलत है | D) कथन गलत है परन्तु कारण सही है -
मुँहणोत नैणसी को 'राजपूताने का अबुल फजल' किसने कहा था?
A) मुंशी देवी प्रसाद | B) कर्नल जेम्स टॉड | C) गौरीशंकर हीराचंद ओझा | D) बिहारी लाल -
जॉर्ज अब्राहम ग्रियर्सन ने अपनी पुस्तक 'लिंग्विस्टिक सर्वे ऑफ इण्डिया' में राजस्थानी को कितनी मुख्य बोलियों में बाँटा था?
A) पांच | B) चार | C) छह | D) सात -
संत दादू दयाल और उनके शिष्यों ने अपने उपदेश किस बोली में दिए थे?
A) ढूंढाड़ी | B) मारवाड़ी | C) मेवाड़ी | D) हाड़ौती -
राजा के यश और गौरव का वर्णन करने वाली गद्य-पद्य रचनाएँ राजस्थानी साहित्य में क्या कहलाती हैं?
A) प्रकास | B) ख्यात | C) मर्सिया | D) वेलि -
किसी शासक की मृत्यु के बाद उसके गुणों का बखान करते हुए लिखे गए शोकगीत या काव्य क्या कहलाते हैं?
A) मर्सिया | B) रासो | C) वात | D) परची -
कविराज श्यामलदास ने 'वीर विनोद' नामक ग्रंथ की रचना किस मेवाड़ महाराणा के आदेश पर की थी?
A) महाराणा सज्जन सिंह | B) महाराणा फतेह सिंह | C) महाराणा शंभू सिंह | D) महाराणा भूपाल सिंह -
राजस्थानी भाषा का सबसे प्राचीन उपलब्ध ग्रंथ 'भरतेश्वर बाहुबली घोर' के लेखक कौन हैं?
A) वज्रसेन सूरी | B) शालिभद्र सूरी | C) उद्योतन सूरी | D) जयानक -
कुवलयमाला नामक ग्रंथ की रचना उद्योतन सूरी ने जालौर में की थी, इसमें कितनी देशी भाषाओं का उल्लेख है?
A) अठारह | B) बारह | C) सोलह | D) बीस -
किस विदेशी विद्वान ने डिंगल को 'मारवाड़ी' का ही एक रूप माना और पुरानी राजस्थानी पर शोध किया?
A) एल पी टेसीटोरी | B) मैक्स मूलर | C) ग्रियर्सन | D) विलियम जोंस -
मेवाती बोली के प्रसिद्ध संत जिन्होंने 'ब्रज' भाषा के प्रभाव वाली रचनाएँ लिखीं, कौन थे?
A) चरणदास और लालदास | B) दादू दयाल | C) जसनाथ जी | D) जाम्भोजी -
हाड़ौती बोली का प्रयोग सूर्यमल मिश्रण ने अपने किस प्रमुख ग्रंथ में किया है?
A) वंश भास्कर | B) वीर सतसई | C) सती रासो | D) बलवंत विलास -
वह कौन सी रचना है जिसे पाँचवाँ वेद और उन्नीसवाँ पुराण कहा जाता है?
A) वेलि क्रिसन रुक्मणी री | B) पृथ्वीराज रासो | C) कान्हड़दे प्रबन्ध | D) हम्मीर रासो -
राजस्थानी साहित्य की वह शैली जिसमें इतिहास के साथ-साथ वंशावली का वर्णन मिलता है, क्या कहलाती है?
A) ख्यात | B) दवावैत | C) वचनिका | D) झूलणा -
प्रसिद्ध रचना 'लिलटांस' के लेखक कौन हैं जिन्हें साहित्य अकादमी पुरस्कार मिला?
A) कन्हैयालाल सेठिया | B) विजयदान देथा | C) चंद्रसिंह | D) यादवेन्द्र शर्मा -
राजस्थानी भाषा के विकास क्रम के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
(1) गुर्जरी अपभ्रंश से पुरानी राजस्थानी का विकास ग्यारहवीं से तेरहवीं शताब्दी में हुआ।
(2) सोलहवीं शताब्दी से अठारहवीं शताब्दी तक का काल राजस्थानी साहित्य का स्वर्ण काल माना जाता है।
(3) आधुनिक राजस्थानी का विकास उन्नीसवीं शताब्दी के मध्य से शुरू हुआ।
सत्य कथन का चयन कीजिए:
A) 1, 2 और 3 | B) केवल 1 और 2 | C) केवल 2 और 3 | D) केवल 1 -
डिंगल और पिंगल शैलियों के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
(1) डिंगल पश्चिमी राजस्थान की साहित्यिक शैली है जबकि पिंगल पूर्वी राजस्थान की।
(2) डिंगल शैली चारण कवियों द्वारा विकसित की गई और पिंगल भाटों द्वारा।
(3) पिंगल शैली पर ब्रज भाषा का गहरा प्रभाव है।
सत्य कथन का चयन कीजिए:
A) 1, 2 और 3 | B) केवल 1 और 2 | C) केवल 2 और 3 | D) केवल 1 -
राजस्थानी गद्य-पद्य की विशिष्ट शैलियों के बारे में विचार कीजिए:
(1) वचनिका गद्य और पद्य का मिश्रित रूप है जिसमें अंत्यानुप्रास मिलता है।
(2) दवावैत उर्दू और फारसी शब्दों से युक्त राजस्थानी कलात्मक गद्य शैली है।
(3) वात का अर्थ कथा या कहानी होता है जो ऐतिहासिक या काल्पनिक हो सकती है।
सत्य कथन का चयन कीजिए:
A) 1, 2 और 3 | B) केवल 1 और 2 | C) केवल 2 और 3 | D) केवल 1 -
कथन: राजस्थानी बोलियों का वर्गीकरण करना एक जटिल कार्य है क्योंकि बोलियाँ एक क्षेत्र से दूसरे क्षेत्र में धीरे-धीरे बदलती हैं।
निष्कर्ष I: मारवाड़ी राजस्थान की मानक बोली मानी जाती है जिसका साहित्यिक रूप डिंगल है।
निष्कर्ष II: ढूंढाड़ी और मेवाती बोलियों पर पड़ोसी राज्यों की भाषाओं का स्पष्ट प्रभाव है।
A) निष्कर्ष I और II दोनों सही हैं | B) केवल निष्कर्ष I सही है | C) केवल निष्कर्ष II सही है | D) न तो I न ही II सही है -
कथन: चारण साहित्य राजस्थान की शौर्य परम्परा का लिखित प्रमाण है।
निष्कर्ष I: इन ग्रंथों में शासकों की वीरता, युद्धों और त्याग का आँखों देखा सजीव वर्णन मिलता है।
निष्कर्ष II: चारण कवियों ने केवल राजाओं की प्रशंसा की, समाज की समस्याओं पर कुछ नहीं लिखा।
A) केवल निष्कर्ष I सही है | B) केवल निष्कर्ष II सही है | C) निष्कर्ष I और II दोनों सही हैं | D) न तो I न ही II सही है -
कथन: आधुनिक राजस्थानी साहित्य जन-सरोकारों और राष्ट्रीय चेतना से ओतप्रोत है।
निष्कर्ष I: कन्हैयालाल सेठिया की रचनाओं में मातृभूमि के प्रति गहरा प्रेम और राजस्थानी अस्मिता झलकती है।
निष्कर्ष II: विजयदान देथा ने लोक कथाओं के माध्यम से सामाजिक विसंगतियों पर प्रहार किया है।
A) निष्कर्ष I और II दोनों सही हैं | B) केवल निष्कर्ष I सही है | C) केवल निष्कर्ष II सही है | D) न तो I न ही II सही है -
ऐतिहासिक ग्रंथों के रचना काल का सही क्रम पहले से बाद कौन सा है?
(1) कुवलयमाला
(2) पृथ्वीराज रासो
(3) नैणसी री ख्यात
(4) वीर विनोद
A) 1, 2, 3, 4 | B) 2, 1, 3, 4 | C) 1, 3, 2, 4 | D) 3, 2, 4, 1 -
राजस्थानी बोलियों का पश्चिम से पूर्व की ओर सही भौगोलिक क्रम कौन सा है?
(1) मारवाड़ी
(2) ढूंढाड़ी
(3) मेवाती
A) 1, 2, 3 | B) 2, 1, 3 | C) 3, 2, 1 | D) 1, 3, 2 -
साहित्यिक शैलियों का उनके सही मिलान आधारित समूह कौन सा है?
(1) ख्यात - ऐतिहासिक विवरण
(2) वचनिका - गद्य-पद्य मिश्रित तुकबंदी
(3) रासो - शासकों की वीरगाथा
A) 1, 2 और 3 सभी सही हैं | B) केवल 1 और 2 सही हैं | C) केवल 2 और 3 सही हैं | D) केवल 1 सही है -
पृथ्वीराज राठौड़ ने 'वेलि क्रिसन रुक्मणी री' ग्रंथ की रचना किस दुर्ग में रहकर की थी?
A) गागरोण दुर्ग | B) चित्तौड़ दुर्ग | C) जूनागढ़ दुर्ग | D) मेहरानगढ़ दुर्ग -
किस ख्यात को राजस्थान का प्रथम ऐतिहासिक ग्रंथ माना जाता है और इसे गजेटियर के समान प्रामाणिक माना जाता है?
A) नैणसी री ख्यात | B) बांकीदास री ख्यात | C) दयालदास री ख्यात | D) जोधपुर राज्य की ख्यात -
आधुनिक राजस्थानी की पहली काव्य कृति 'बादली' के रचयिता कौन हैं?
A) चंद्रसिंह बिरकाली | B) नारायण सिंह भाटी | C) मेघराज मुकुल | D) रेवतदान चारण -
मेवाड़ महाराणा कुंभा द्वारा रचित ग्रंथों की मुख्य भाषा कौन सी थी?
A) मेवाड़ी | B) मारवाड़ी | C) संस्कृत | D) ढूंढाड़ी -
कन्हैयालाल सेठिया की वह कौन सी रचना है जिसे राजस्थानी भाषा का भीष्म पितामह कहा जाने वाला गौरव प्राप्त है?
A) पीथल और पाथल | B) लिलटांस | C) मिंझर | D) धरती धोरा री -
किस ग्रंथ में जालौर के शासक कान्हड़दे और अलाउद्दीन खिलजी के युद्धों का विस्तृत वर्णन मिलता है?
A) कान्हड़दे प्रबन्ध | B) हम्मीर महाकाव्य | C) पद्मावत | D) अचलदास खींची री वचनिका -
राजस्थानी भाषा की 'उपबोलियों' के संदर्भ में ढूंढाड़ी की मुख्य उपबोली कौन सी है?
A) तोरावाटी और राजावाटी | B) मेवाड़ी | C) गोडवाड़ी | D) देवड़ावाटी -
कवि सूर्यमल मिश्रण ने 'वंश भास्कर' में मुख्य रूप से किस रियासत का इतिहास लिखा है?
A) बूंदी | B) कोटा | C) उदयपुर | D) जयपुर -
डॉ टेसीटोरी ने डिंगल का 'होरेंस' किसे कहा था?
A) पृथ्वीराज राठौड़ | B) सूर्यमल मिश्रण | C) बांकीदास | D) नैणसी -
विजयदान देथा की किस कृति पर 'पहेली' नामक फिल्म बन चुकी है?
A) दुविधा | B) बातां री फुलवारी | C) अलेखूँ हिटलर | D) मारो बदलो -
साहित्य अकादमी पुरस्कार प्राप्त करने वाली राजस्थानी कृति 'पागी' के लेखक कौन हैं?
A) चंद्रसिंह | B) नारायण सिंह भाटी | C) अर्जुन देव चारण | D) यादवेन्द्र शर्मा
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